कृषि विज्ञान केन्द्र का डीएम ने किया निरीक्षण, किसानों की आय बढ़ाने पर जोर -जिलाधिकारी ने प्रशिक्षण, आधुनिक तकनीक व पौधशाला का लिया जायजा

जनपद में कृषि विकास से संबंधित गतिविधियों एवं किसानों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की वास्तविक स्थिति का जायजा लेने के उद्देश्य से जिलाधिकारी अतुल वत्स ने पुलिस अधीक्षक चिरंजीवनाथ सिन्हा के साथ कृषि विज्ञान केन्द्र, हाथरस का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने केन्द्र परिसर में संचालित व्यवस्थाओं, प्रशिक्षण गतिविधियों, आधारभूत सुविधाओं, स्वच्छता एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं का गहन अवलोकन किया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने किसानों के लिए संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रमों, कृषि तकनीकी परामर्श, उन्नत कृषि पद्धतियों एवं विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी भी प्राप्त की।
जिलाधिकारी ने कहा कि कृषि विज्ञान केन्द्र किसानों को वैज्ञानिक खेती, आधुनिक तकनीकों तथा नवीन कृषि उपकरणों की जानकारी उपलब्ध कराने का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने निर्देश दिए कि किसानों को समय-समय पर प्रशिक्षण देकर उन्हें उन्नत बीज, जैविक खेती, जल संरक्षण, फसल विविधीकरण एवं प्राकृतिक खेती के प्रति जागरूक किया जाए, जिससे कृषि उत्पादन एवं किसानों की आय में वृद्धि सुनिश्चित हो सके।
निरीक्षण के दौरान पौधशाला में तैयार की जा रही पौध के संबंध में जानकारी देते हुए जिला उद्यान अधिकारी ने बताया कि ट्रे पर पौध तैयार करने का कार्य ऑटोमेटिक सीड प्लांटिंग मशीन के माध्यम से किया जा रहा है। साथ ही पौधों की देखरेख एवं रखरखाव का कार्य स्वयं सहायता समूहों द्वारा किया जा रहा है। वर्तमान में मिर्च, टमाटर, शिमला मिर्च एवं लौकी आदि की पौध तैयार की जा रही है। इसके अतिरिक्त उन्नतशील बीज भी तैयार किए जा रहे हैं।
जिलाधिकारी ने मशीन से बीज रोपण की प्रक्रिया का भी अवलोकन किया तथा कृषि विज्ञान केन्द्र पर ही किसानों के लिए कार्यशाला आयोजित करने के निर्देश दिए, जिससे किसान प्रशिक्षण के साथ-साथ नवीन तकनीकों की जानकारी प्राप्त कर सकें।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रशिक्षण एवं कार्यशालाओं की जानकारी अधिक से अधिक किसानों तक पहुंचाई जाए, ताकि वे आधुनिक कृषि तकनीकों का लाभ उठा सकें। साथ ही कड़कनाथ/कुक्कुट पालन एवं बकरा पालन हेतु स्वयं सहायता समूहों को प्रशिक्षण देने के निर्देश भी दिए गए, जिससे उनकी आय में वृद्धि हो सके।
जिलाधिकारी ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता किसानों को आत्मनिर्भर एवं तकनीकी रूप से सक्षम बनाना है, जिसमें कृषि विज्ञान केन्द्र की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने परिसर में स्वच्छता एवं सुव्यवस्थित वातावरण बनाए रखने के भी निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी, जिला उद्यान अधिकारी, जिला कृषि अधिकारी, कृषि वैज्ञानिक एवं अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
Jitendra

