हाथरस में अज्ञात वृद्धा के शव का एडीएचआर संस्था ने किया हिंदू रीति-रिवाज से सम्मानपूर्वक अंतिम संस्कार, थाना हाथरस गेट क्षेत्र के सोखना फाटक के निकट रेलवे लाइन पर मिला था शव

हाथरस में अज्ञात वृद्धा के शव का एडीएचआर संस्था ने किया हिंदू रीति-रिवाज से सम्मानपूर्वक अंतिम संस्कार,
थाना हाथरस गेट क्षेत्र के सोखना फाटक के निकट रेलवे लाइन पर मिला था शव
मानव अधिकारों के संरक्षण और संवर्धन के क्षेत्र में कार्यरत एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक ह्यूमन राइट्स (ADHR) संस्था ने एक बार फिर मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए अज्ञात शव का हिंदू रीति-रिवाज से दाह संस्कार कराया।
यह दाह संस्कार 22 अप्रैल 2026 को थाना हाथरस गेट क्षेत्र के अंतर्गत सोखना फाटक के निकट रेलवे लाइन पर मिले एक अज्ञात महिला के शव का किया गया। पुलिस को मिले शव की आयु लगभग 80 वर्ष बताई गई। महिला ने पीली कुर्ती, लाल चुनरी और नीला पेटीकोट पहना हुआ था।
पुलिस द्वारा शव की पहचान के लिए निर्धारित 72 घंटे तक प्रयास किए गए, लेकिन शिनाख्त न हो पाने पर शव को लावारिस घोषित कर पोस्टमार्टम कराया गया। इसके बाद पुलिस ने समाजसेवी सुनीत आर्य और प्रवीन वार्ष्णेय से अंतिम संस्कार की व्यवस्था के लिए अनुरोध किया।
समाजसेवियों के सहयोग से शव का हिंदू रीति-रिवाज से विधिवत दाह संस्कार किया गया। इस अवसर पर एडीएचआर के राष्ट्रीय महासचिव प्रवीन वार्ष्णेय, समाजसेवी सुनीत आर्य, एनएसएस अध्यक्ष सुनील अग्रवाल, आयोग दीपक, बंटी भाई कपड़े वाले, नीरज गोयल, दीपांशु वार्ष्णेय, अंकित कुमार सहित पुलिस विभाग से कांस्टेबल अतुल जनमेदा एवं महिला कांस्टेबल श्वेता चौधरी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने अज्ञात मृतकों के सम्मानपूर्वक अंतिम संस्कार को समाज के लिए एक प्रेरणादायक कार्य बताया और इसे मानवीय कर्तव्य का महत्वपूर्ण हिस्सा कहा।
Jitendra

